बुधवार-गुरुवार आधी रात शहर के चर्चित नायर हॉस्पिटल में पढ़ने वाली सेकिंड ईयर की रेजिडेंट डॉक्टर ने अपने हॉस्टल के कमरे में फांसी लगाकर जान दे दी है। पीड़िता के परिजनों का आरोप है कि रैगिंग से तंग आकर उसने आत्महत्या की है। जिसके बाद तीन सीनियर महिला डॉक्टरों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।

 
मुंबई पुलिस के मुताबिक, महिला डॉक्टर का नाम पायल तडवी (23)  है। वह महाराष्ट्र के जलगांव की रहने वाली है। घटना के बाद उनके परिवारवालों ने आग्रीपाडा पुलिस थाने में उनके साथ काम करने वाली तीन महिला डॉक्टरों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई गई थी। जिसके बाद पुलिस ने इस मामले में  डॉ. हेमा आहुजा, डॉ भक्ती अहिरे और डॉ. अंकिता खंडेलवाल का केस दर्ज किया है। तीनों नायर अस्पताल में सीनियर महिला गायनेकोलॉजिस्ट हैं।

रैगिंग का लगाया आरोप

पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने मृत युवती का शव उनके परिवार को सौंप दिया है। परिवार के लोगों का आरोप है कि मेडिकल छात्रा ने रैगिंग से तंग आकर गले में फंदा डालकर सुसाइड कर लिया है।

बच सकती थी बेटी की जान
परिजनों का मानना है कि नायर अस्पताल प्रशासन ने अगर मृतका की शिकायत पर कोई कार्रवाई की होती तो उनकी बेटी की जान बच जाती। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।